शनिवार, 20 अक्टूबर 2018

नेताजी का भाषण।

पिक क्रेडिट - pixabay  बुधसिंह नाम के एक निपट गंवार और कतई अनपढ़ सज्जन एक सुरक्षित सीट पर चुनाव में खड़े हो गये। एक बार उनको उनके हिमायतियों की तरफ से कहा गया कि वे स्टेज पर भाषण दें।  "मैंने कभी भाषण नहीं दिया।" - बुधसिंह जी घबराकर बोले - "मैं भाषण में क्या कहूँगा?" "अरे कुछ भी कह देना।" - उन्हें राय दी गई - "एक बार बोलना शुरू करोगे तो देख लेना अपने आप बात में से बात निकलती जाएगी।" बुधसिंह जी को ये बात जँच गई। वे भाषण देने के लिए...

विलन का नृत्य प्रेम

पिक क्रेडिट - pixabay फिल्मों में सम्बन्ध भेद  कहते हैं, जो आदमी जितना बुरा होता है, वह उतना ही ज्यादा कला से दूर होता है, लेकिन हमारी फिल्मों के विलन का नृत्य कला से गहरा रिश्ता होता है। नाचती हुई हिरोइन के एक-एक भाव और भंगिमा को वह कला समीक्षक की तरह देखता है। हिरोइन का एक नृत्य देखने के लिए वह कई-कई लोगों को अपहरण करके बांध देता है और उसे नाचने के लिए मजबूर करता है। विलन के इस तरीके की आप बुराई कर सकते हैं, लेकिन उसके नृत्य प्रेम...

शुक्रवार, 19 अक्टूबर 2018

कुछ खास शब्दों के शब्दार्थ

पिक क्रेडिट - pixabay सेल :  किसी चीज को उसकी कीमत से दुगने दामों में खरीदने का तरीका। अधेड़ावस्था : 1. जब मेहनत में आनन्द नहीं रहता और "आनन्द " मेहनत लगने लगता है। 2. जब आप बुजर्गों को कोसना बंद करके बच्चों को कोसना शुरू कर देते हैं। 3. जब आप बस में सफर करते समय किसी महिला को सीट देने के लिए उठाना चाहते हैं, लेकिन उठ नहीं पाते। 4. जब आप अपना नाम भूलने लगते हैं, फिर सूरतें भूलने लगते हैं, फिर टायलेट में पतलून की जिप बंद करना भूलने लगते...

इंसान

पिक क्रेडिट - pixabay कुता बहुत स्वाभिमानी था, प्रात: कुता और कुतिया में अनबन हो गई थी। और तब से ही कुते ने जो रोना शुरू किया था,  तो अब तक चुप नहीं हुआ था। सारे नगर के कुते उसे चुप कराते-कराते थक कर स्वयं चुप हो गये थे, परन्तु वह रोए जा रहा था। अब नगर के एक वृद्ध कुते की प्रतीक्षा थी। कुछ देर प्रतीक्षा के पश्चात वृद्ध कुता आया, रोते हुए कुते से बड़े ही प्रेम भरे लहजे से पूछा। "क्यों भाई क्यों रो रहे हो?" "उफ़! तुम फिर रोने लगे, आखिर तुम्हारी...

गुरुवार, 18 अक्टूबर 2018

एक भारतीय की महबूबा

पिक क्रेडिट - pixabay ओ मेरी महबूबा तुम्हारे नापाक इरादों जमाखोर वायदों बेईमान निगाहों और तस्करी अदाओं ने मेरा बजट बिगड़ दिया  मेरा घर उजाड़ दिया। खूबसूरती का ठेका लेकर हजारों दिलों का कर लिया गबन  प्यार का पुल  कमजोर बुनियादों पर खड़ा करके हँस रही हो जानेमन। दुकान के आगे बढाये गये शौकेस- सा अपना घुंघट हटा लो अवैध कब्जा करने की प्रवृति सी अपनी अंगड़ाई सम्भालो। भाव तुम बढ़ाती रही, नखरीली शान से  मुनाफा कमाती रही...

यमराज का जन्मदिन

पिक क्रेडिट - pixabay भगवान यमराज के जन्मदिन पर लगा हुआ था दरबार मृत्युलोक से आई हुई तीन आत्माएं कर रही थी भाग्य निर्णय का इंतजार एक सेठ, एक जौहरी और एक चोर यमराज प्रभु मुखातिब हुए चित्रगुप्त की ओर आज ख़ुशी का दिन है गुप्त जी सबकी इच्छा पूर्ण करेंगे  पापी हो, अपराधी हो, या धर्मात्मा जो मांगेगा वो ही उसको देंगे। सेठ ने कहा, "यमराज मैं दस लाख की सम्पति छोडकर आया हूँ, पुनर्जन्म में इससे दस गुनी मिल जाये तो मैं करोडपति हो जाऊं।" "तथास्तु...

बुधवार, 17 अक्टूबर 2018

सच्चाई तो ये ही है

पिक क्रेडिट - facebook ये तस्वीर फेसबुक के वर्तमान हालात को दर्शा रही है, जहाँ लडके लडकियों को तलाश करते है तो कोई नहीं मिलती और जब लडकी तलाश करने बैठी तो ढेर लगा गया। पिक क्रेडिट - facebook यह तस्वीर बता रही है नीच लोगों को कितना भी समझा दो, फिर भी नीचता से बाज नहीं आते। इन तस्वीरों के बारे में आपका क्या ख्याल है?  अपने-अपने केप्शन डालिए टिप्पणी के जरिये। हंसते रहिये विद्वानों का कहना है, हंसने से आदमीं स्वस्थ रहता है।...

कुता तो बढ़िया है आपका

पिक क्रेडिट - pixabay एक आदमीं लकड़ी के एक बक्से को रस्सी से बांधे उसे सडक पर घसीटता हुआ चल रहा था। एक सिपाही ने उसे देखा तो उसे उसके दिमाग पर शक हुआ। सिपाही बोला - जनाब! कुता तो बहुत बढिया है आपका। वो आदमी तत्काल बोला - ये कुता है क्या? ये तो लकड़ी का बॉक्स है। सिपाही हड़बड़ाया सा बोला - माफ़ करना जनाब! मैं तो आपको कुछ और ही समझा था। आदमीं - क्या? पागल! सिपाही - सोरी। और सिपाही तत्काल लम्बे डग भरता वहां से चला गया । पीछे से उस आदमीं ने बक्से...

अनर्थकारी वाक्य

पिक क्रेडिट - pixabay यहाँ पेश है कुछ ऐसे वाक्य जो बोले तो सिर्फ एक बार जाते हैं, लेकिन मतलब दो निकलते हैं। * डॉक्टर - "लगता है आपने मन भर कर दीपावली की मिठाईयां खाई है।" (तभी तो पेट खाली है।) * राजू - "जर माचिस दिखाना, पटाखे में आग लगनी है।" (क्या माचिस दिखाने भर से पटाखे में आग लग जाती है?) * रानी - "मैंने दीवाली की सारी मिठाईयां पोस्टमेन के तेल से बनाई है।" (तेल किसका था? सच-सच बताओ।) * राजू, राका से - "पटाखे की आवाजें मेरा...

अन्तर्मुखी प्रेम

पिक्चर क्रेडिट - pixabay कहानी पूरी फ़िल्मी है, इस श्रेणी में पुरानी और नई फिल्मो के हास्य पल लिखूंगा, आशा है आपको पसंद आयेंगे। फिल्मों में प्रेमी भेद फिल्मों में अन्तर्मुखी प्रेमी वह प्रेमी होता है , जो या तो प्रेम का इजहार करने में देरी कर जाता है या बिलकुल ही नहीं कर पाता। यह दूर से लड़की को देखता रहता है और अंदर ही अंदर खुश होता रहता है। ऐसे प्रेमी-प्रेमिका को घर से भगा ले जाने की बात तो दूर रही, सिनेमा दिखने के लिए ले जाने की भी...

यमराज और नारद जी

पिक्चर क्रेडिट -  pixabay गौर कीजिए  नारद जी ने यमराज से पूछा - जग में असंख्य मौतें होती है क्या उनके परिजनों की चीत्कार से आपका दिल नहीं दहलता जब लोग फूट-फूट कर रोते हैं, तब आप चैन से कैसे सोते हैं? क्या आपका घर संवेदना प्रूफ है? यमराज ने हंसकर कहा - नारदजी! लगता है  आपकी अक्ल ने भांग खाई है, मेरा महल  उसी कारीगर ने बनाया है जिसमे भारत की संसद बनायीं ...